पीत की ढीठ पत्रकारिता के भेट चढ़ा खिचड़ी मेला !
पीत की ढीठ पत्रकारिता के भेंट चढ़ा खिचड़ी मेला ! सन्त कबीर नगर ( मगहर ) मानव कुल मे भगवान कितना भी अवतार ले ले और मानव जीवन धरकर कष्टो का जीवन बिताते हुए कही धर्म की रक्षा के लिए तो कही वैमनस्यता मिटाने के लिए तो कही अंहिसा को कायम करने के लिए तो कही सत्य को स्थापित करने के लिए जैसे अनेको जन्म लेते रहे , पर मानव जीवन का श्रेष्ठता का राग अलापने वाले लोग ऐसे भी मोड़ पर अपनी श्रेष्ठता नही बचा पा रहे है जहां इंसानियत की सोच ही नही नैतिक जिम्मेदारिया भी ये पुकार करते रहती है कि किसी का निवाला छीनना अपराध ही नही महापाप है । जिसका उदाहरण देश का चौथा स्तम्भ का चादर ओढ़ने वाले निष्पक्ष पत्रकारो ने दिया है । कबीर मठ खिचड़ी मेले मे रोजी रोटी कमाने आये दूर दराज के दुकानदारो आदि से बतौर पीत ढीठ पत्रकारिता निश्चित राशि प्राप्ति के अभाव मे हटवाने का काम किया गया है । प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला प्रशासन से परमिशन होने के बावजूद कुछ मीडिया कर्मियो द्वारा मेले को इसलिए बंद करवा दिया गया क्यो कि उनके मुताबिक दुकानदारो इत्यादि लोगो ने रुपया देने से इन्कार कर दिया था । उल्लेखनीय है कि सूफी सन्त कबी...