26 जनवरी 1950 को मिला लोकतांत्रिक संविधान = अबदुल्लाह खान
26 जनवरी 1950 को मिला लोकतांत्रिक संविधान - अबदुल्लाह खान
सन्त कबीर नगर - ध्वजारोहण एवं राष्ट्र गान के साथ रीलेक्सो डोमस्वेयर कम्पनी मे धूमधाम से गणतंत्र दिवस मनाया गया दौरान कम्पनी निदेशक अबदुल्लाह खान ने कहा कि 1947 मे मिली देश की स्वतंत्रता के बाद 26 जनवरी 1950 को लोकतांत्रिक संविधान देश के हर नागरिक की सुरक्षा देता है | विकास के साथ देश की अखण्डता , शान्ति व्यवस्था , एकता , भाईचारे को बनाने की जिम्मेदारी हर एक नागरिक की होती है अगर इसके बीच किसी प्रकार की कोई बात होती है तो इसका हर नागरिक जिम्मेदार होता है हम एकमात्र किसी सरकार को जिम्मेदार नहीं ठहरा सकते मौलिक रूप से मिले मताधिकार का यही तात्पर्य है यही वह मौलिक अधिकार का स्वरूप है जिससे किसी भी सरकार का कार्यकाल पांच वर्ष का होता है
उन्होंने कहा कि 26 जरवरी को भारतीय संविधान की स्थापना की गई जो कि पूरी दुनिया में सबसे बड़ा संविधान है । संविधान लागू होने के कारण हमे अपने मौलिक अधिकार एक भारतीय नागरिक के रूप मे एक नई पहचान के साथ मिली है । जैसे कि आजादी , धर्मनिरपेक्षता , शिक्षा , व्यापार आदि का अधिकार मिला है । उस समय डॉक्टर भीमराव अंबेडकर जी संविधान मसौदा समिति के अध्यक्ष थे । प्रत्येक वर्ष डॉक्टर भीमराव अंबेडकर को संविधान के मुख्य वास्तुकार के रूप मे सम्मानित किया जाता है ।