राजेन्द्र
राजेन्द्र चूंकि ! हर कोई कर्त्तव्य की राह को तय करना चाहता है । मुमकिन है , उसकी हर तैयारी किसी लहराते परचम से कम न हो । कदम भी ऐसे हो जिसकी आहट से पत्थर भी पिघल जाते हो । इरादे भी इतने मजबूत , के लक्ष्य भी सर झुकाते हो । ऐसे वक्त के उस दीदार से जब कोई अपना वजूद ढूढता होगा । तब जहां के उस पयां पे राजेन्द्र की नेमत पाता होगा । जी एल वेदांती " कवि " श्री राजेन्द्र प्रसाद जिला पंचायत राज अधिकारी सन्त कबीर नगर सेवाकाल आदर्श = दायित्व सेवाकाल अनुभव = काल करै सो आज कर..... सेवाकाल = 22/9/1995 से 28/2/2023