धरी रह गई विकास की सारी प्राथमिकताये वित्तीय वर्ष मे नही हुआ कोई कार्य !
धरी रह गई विकास की सारी प्राथमिकताये वित्तीय वर्ष मे नही हुआ कोई कार्य !
महज 1523 मानव दिवस मे सिमट कर रह गया वित्तीय वर्ष
सन्त कबीर नगर ( मेहदावल ) विकास को लेकर चाहे लाख दावे होते हो प्राथमिकताये होती हो लेकिन सच्चाई कुछ और होती है । जिसका उदाहरण दे रहा है विकास खण्ड मेहदावल का ग्राम पंचायत नचनी , जहां न किसी के दावे नजर आ रहे है और न किसी की प्राथमिकताये दृष्टिगत हो रही है । बहुउद्देशीय मनरेगा योजना के दृष्टिगत वित्तीय वर्ष 2021_ 2022 का कार्यकाल देखा जाये तो 1523 मानव दिवस के कोई कार्य ही नही हुआ है । जबकि मनरेगा मजदूरो का रिकार्ड देखा जाय तो जहां 326 जाबकार्ड का रजिस्ट्रेशन है वही 150 सक्रिय मजदूरो का रिकार्ड है । वित्तीय वर्ष 2021_ 2022 के प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण एवं मनरेगा के तहत हुए कार्यो का बतौर पारदर्शिता , सहभागिता एवं जवाबदेही के अनुपालन मे आडिट करने गई सोशल आडिट टीम द्वारा बताया गया कि पूर्व पंच वर्षीय कार्यकाल के दरम्यान सामुदायिक शौचालय के निर्माण कार्य की मनरेगा मजदूरी के अलावा पीएम आवास की मजदूरी एवं निर्माण कार्य का आडिट किया जा रहा है । 22 पीएम आवास के सापेक्ष 7 आवास का निर्माण कार्य पूर्ण एवं 4 आवास का निर्माण कार्य अपूर्ण पाया गया है । शेष 11 आवास का कोई किश्त जारी नही हुआ है ।
जिससे यह स्पष्ट होता है कि विकास कार्यो की सारी प्राथमिकताये हवा हवाई हो रही है । भला जब गांव पर ही 100 दिन का रोजगार देकर शहर की ओर का पलायन रोकने वाली मनरेगा योजना का ये हाल है तब अन्य विकासशील लाभकारी योजनाओ का क्या हाल होगा ?
बहरहाल सकुशल सोशल आडिट बैठक सम्पन्न । टीम सदस्यो के साथ बीआरपी खलिक द्वारा पारदर्शिता , सहभागिता एवं जवाबदेही का पूरा ध्यान रखा गया ।