ग्राम पंचायत फेउसी मे सोशल आडिट से कसा गया किनारा
ग्राम पंचायत फेउसी मे सोशल आडिट से कसा गया किनारा
अपने ही द्वारा कराये गये कार्यो से प्रधान , टीए , सचिव का उठा विश्वास
संत कबीर नगर { बघौली } विकास खण्ड बघौली के ग्राम पंचायत फेउसी के ग्राम प्रधान , तकनीकी सहायक, सचिव अपने ही कार्यो के सोशल आडिट का सामना नही कर पाये । परियोजनाओ के शत - प्रतिशत क्रियान्वयन के सामाजिक अंकेक्षण से न केवल दूरी बनाये बल्कि टीम के भौतिक सत्यापन मे भी अपेक्षित सहयोग से दूरी बनाये रखे ।
उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री आवास योजना { ग्रामीण } एवं मनरेगा योजना के तहत हुए कार्यो के शत - प्रतिशत क्रियान्वयन मे सामाजिक अंकेक्षण के मूल उद्देश्य पारदर्शिता , सहभागिता एवं जवाबदेही के सोशल आडिट से ग्राम प्रधान , सचिव , तकनीकी सहायक कोसो दूरी बनाते हुए न केवल सोशल आडिट के मूल उद्देश्य को प्रभावित करने का काम किया बल्कि 2023 - 2024 के वित्तीय वर्ष मे 14 लाख 4 हजार 380 की व्यय राशि मे सृजित 6106 मानव दिवस मे पंजीकृत 389 श्रमिको के सापेक्ष सक्रिय 200 मनरेगा मजदूरो मे 20 श्रमिको को 100 दिन का रोजगार मुहैया कराते हुए अपने ही द्वारा कुल 9 परियोजनाओ पर कराये गये कार्यो पर से विश्वास उठाने का भी काम किया गया ।
यह और बात है कि सोशल आडिट को बोझ दृष्टि मे सचिव शीला यादव द्वारा अपनी उपस्थिति दिखाने के भरसक प्रयास मे चन्द घड़ी मे फोटो खिचवाते हुए चलने का काम किया । जो कही न कही जिम्मेदारियो के परवाह मे उदासीनता की तरजीह नजर आती है । यही नही ग्राम प्रधान , तकनीकी सहायक की तरह कांटे की तरह चुभ रहे सोशल आडिट टीम को सेवन रजिस्टर को दिवा स्वप्न बताने मे ग्राम रोजगार सेवक ने भी कोई कोर कसर नही छोड़ा ।
खबर संकलन के दौरान तक एक भी ग्रामीण की उपस्थिति न होने के सवाल पर एक तरफ ग्राम रोजगार सेवक ने कहा कि काम का सीजन होने से कोई ग्रामीण नही आ पा रहे है तो वही दूसरी तरफ मनरेगा योजना के तहत हो रहे कार्य मे एक भी श्रमिक काम नही कर रहे है कि बात को बड़े बेबाकी के साथ कहने मे कोई हिचक नही दिखाई ।
रही सही कसर को पर्यवेक्षक ने पूरा कर दिया । अपनी अनुपस्थिति दर्ज कराते हुए नियुक्त पर्यवेक्षक ने कही न कही सोशल आडिट को नागवार दृष्टि से देखने की अपनी मंशा को जाहिर करने का काम किया ।